Etawah Crime: उत्तर प्रदेश के इटावा जिले के भरथना थाना क्षेत्र के चंदेठी गांव में मां-बेटी की गला रेतकर हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। दोनों के शव घर के अंदर अलग-अलग जगहों पर मिले। घटना का खुलासा सोमवार सुबह उस समय हुआ, जब दूध देने पहुंचा व्यक्ति काफी देर तक दरवाजा खटखटाने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिलने पर परिवार को सूचना दी। मृतकों की पहचान पुष्पा देवी यादव (55) और उनकी बेटी निर्मला देवी उर्फ मंजू यादव (38) के रूप में हुई है। पुलिस ने मौके से खून से सनी दराती बरामद की है। फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड की मदद से जांच शुरू कर दी गई है। दूधवाले ने खटखटाया दरवाजा गांव के दूध कारोबारी राजीव के मुताबिक, वह कई वर्षों से सुरेश चंद्र के घर दूध पहुंचाता है। सोमवार सुबह करीब 8 बजे वह घर पहुंचा, लेकिन कई बार आवाज देने और दरवाजा खटखटाने के बाद भी अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। राजीव ने महिला के पति सुरेश चंद्र, जो नोएडा में सुरक्षा गार्ड हैं, को फोन किया। सुरेश के कहने पर राजीव घर के पीछे गया और खिड़की से अंदर झांका। वहां उसे पुष्पा देवी का शव आंगन में पड़ा दिखाई दिया। कुछ दूरी पर कमरे में निर्मला का शव चारपाई पर था। पुलिस के अनुसार, निर्मला के शव को कमरे से खींचकर आंगन तक लाया गया था और कमरे से आंगन तक खून के निशान मिले हैं। चारपाई पर पड़ी थी खून से सनी दराती घटना की सूचना मिलते ही भरथना थाना पुलिस मौके पर पहुंची। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने चारपाई पर पड़ी खून से सनी दराती को कब्जे में लेकर साक्ष्य जुटाए। दोनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। एसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक, घर के अंदर सामान बिखरा हुआ नहीं मिला और प्रथम दृष्टया मामला लूट के लिए हत्या का नहीं लग रहा है। पुलिस हत्या के पीछे के कारणों की जांच कर रही है। दो दिन पहले स्कूटी सवार को देखा गया था पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि 14 और 15 अगस्त के दौरान एक युवक को स्कूटी से घर के आसपास आते-जाते देखा गया था। 15 अगस्त की रात करीब 9 बजे उसे आखिरी बार घर के बाहर देखे जाने की बात सामने आई है। इसके बाद घर से कोई हलचल नहीं सुनाई दी। दूध कारोबारी ने बताया कि वह रविवार सुबह भी घर आया था, लेकिन तब भी दरवाजा नहीं खुला। शाम करीब 5 बजे दोबारा पहुंचने पर भी कोई जवाब नहीं मिला। इससे उसे अनहोनी की आशंका हुई थी। ससुराल विवाद भी जांच के केंद्र में पुलिस के मुताबिक, निर्मला की शादी 2021 में मैनपुरी के किशनी थाना क्षेत्र निवासी सतेन्द्र कुमार उर्फ मन्नी से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद ही विवाद के चलते वह मायके लौट आई थी और करीब पांच वर्षों से अपनी मां के साथ रह रही थी। दोनों के बीच तलाक का मामला भी चल रहा था। बताया गया है कि 3 अगस्त 2026 को अदालत ने निर्मला के पति को हर महीने 7 हजार रुपये भरण-पोषण देने का आदेश दिया था। इसी पारिवारिक विवाद को पुलिस हत्या की जांच में प्रमुख एंगल मान रही है। हालांकि, अभी किसी व्यक्ति को आरोपी घोषित नहीं किया गया है। पोस्टमॉर्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार एसएसपी ने कहा कि पुलिस परिवार, रिश्तेदारों और मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ कर रही है। पोस्टमॉर्टम और फॉरेंसिक जांच से मिले साक्ष्यों के आधार पर हत्या की कड़ियां जोड़ने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि बंद घर में मां-बेटी तक हत्यारा कैसे पहुंचा और वारदात के बाद किस रास्ते से फरार हुआ? पुलिस स्कूटी सवार की पहचान समेत सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। ये भी पढ़ें: बर्थडे पार्टी से लौट रहे राहुल की गोली मारकर हत्या, अपनों पर ही लगा कत्ल का आरोप